गुना।(गरिमा टीवी न्यूज़) गुना जिले में आदिवासियों को बरगलाकर धर्मांतरण कराने वाले एक बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ हुआ है। मोहनपुर खुर्द गांव में 'चंगाई सभा' के नाम पर चल रहे इस पाखंड पर म्याना पुलिस ने मुख्य आरोपी पास्टर उत्तम बारेला और विकास बारेला सहित उनके साथियों पर एफआईआर दर्ज की है। ये लोगों को मटन—मुर्गा पार्टी से लेकर नरक तक का भय दिखाकर धर्मांतरण कराते थे। आदिवासियों के बीच चंगाई सभा, सिर पर हाथ रखे पास्टर और कैंसर ठीक करने का झांसा, मटन-मुर्गे की दावत और 'नरक की अग्नि' का खौफ दिखाकर भोले-भाले आदिवासियों का धर्म बदलवाने वाले पास्टर उत्तम और विकास बारेला के खिलाफ गुना जिले की पुलिस ने मामला दर्ज किया है।
ग्रामीणों को यह कहकर गुमराह किया गया कि धर्म बदलने के बाद भी वे सरकारी कागजों पर अपनी जाति नहीं बदलें, ताकि उन्हें आरक्षण और सरकारी योजनाओं का लाभ मिलता रहे।
जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इस खेल के पीछे एक संगठित नेटवर्क काम कर रहा है। दतिया के 'नया जीवन मिशन स्कूल' जैसे संस्थानों से शिक्षित युवाओं को विशेष रूप से ग्रामीण इलाकों में इसी काम के लिए भेजा जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि विदेशी फंडिंग के दम पर आदिवासियों की मूल संस्कृति और पहचान को मिटाने की साजिश रची जा रही है।
म्याना थाना पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए मप्र धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम 2021 की धारा 3 एवं 5 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने मौके से मिले साक्ष्यों और वायरल वीडियो को आधार बनाकर आरोपियों की तलाश तेज कर दी है। जिला प्रशासन ने भी सख्त लहजे में चेतावनी दी है कि अंधविश्वास और लालच के दम पर समाज को बांटने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
वहां विशाल पंडाल में झाड़-फूंक चल रही थी। पास्टर सिर पर हाथ रखकर दावा कर रहे थे कि प्रभु की शरण में आते ही कैंसर ठीक हो जाएगा। यह धर्मांतरण का सुनियोजित जाल था
बृजेश बैरागी, शिकायतकर्ता





